महागठबंधन के संकल्प पत्र पर राहुल-तेजस्वी का लेफ्ट से मतभेद

हैदराबाद से समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की यह विशेष रिपोर्ट

बिहार महागठबंधन में विधानसभा चुनाव संकल्प पत्र में अपने-अपने वादे शामिल करने को लेकर घटक दलों के बीच मतभेद है. माले समेत वाम दल भूमि सुधार पर पूर्व में ए बंदोपाध्याय समिति की रिपोर्ट को लागू करने का वादा करना चाहते हैं, लेकिन राहुल…


पटना/ हैदराबाद, 26 सितंबर 2025. बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में महागठबंधन के साझा चुनावी घोषणा पत्र के वादों पर घटक दलों के बीच मतभेद सामने आया है. राहुल गांधी की कांग्रेस पार्टी और तेजस्वी यादव के राष्ट्रीय जनता दल ( आरजेडी ) की वाम दलों से ठन गई है. सूत्र बताते हैं कि भाकपा, माकपा और भाकपा माले, ये तीनों लेफ्ट पार्टियां महागठबंधन के संकल्प पत्र में बंदोपाध्याय समिति की रिपोर्ट को लागू करने का वादा करना चाहती है. सूत्रों का कहना है कि बिहार विधानसभा चुनाव के लिए बनाई गई महागठबंधन की घोषणा पत्र समिति में कई मुद्दों पर मतभेद हैं. सबसे बड़ा मतभेद जमीन संबंधी रिपोर्ट लागू करने का है. बंदोपाध्याय समिति की रिपोर्ट लागू करने के वादे पर घोषणा पत्र समिति में एक राय नहीं बन पाई है. अब तेजस्वी यादव की अध्यक्षता वाली कोऑर्डिनेशन कमेटी में इस पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा.

क्या है बंदोपाध्याय समिति की रिपोर्ट ?

साल 2006 में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार में भूमि सुधार के लिए डी. बंदोपाध्याय की अध्यक्षता में एक आयोग का गठन किया था. 2008 में इस समिति ने अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपी. इसमें बटाईदारों के लिए अलग कानून बनाने, सरकार के पास पड़ी अतिरिक्त जमीनों को भूमिहीन गरीबों में बांटने, लैंड सीलिंग के जरिए एक परिवार के पास रखी जा सकने वाली भूमि की अधिकतम सीमा तय करने और कॉर्पोरेट संस्थाओं को सीधे खेती करने से रोकने जैसी सिफारिशें की गई थी. लेफ्ट पार्टियों का कहना है कि नीतीश सरकार ने बंदोपाध्याय समिति की रिपोर्ट पर अमल नहीं किया. वाम दलों की ओर से बीते सालों में कई बार विधानसभा और अन्य मंचों पर विरोध जताकर इन सिफारिशों को लागू करने की मांग की गई. अब ये पार्टियां महागठबंधन के चुनावी घोषणा पत्र में इन सिफारिशों को लागू करने का वादा करना चाहती हैं.

मगर कांग्रेस और आरजेडी इस पर राजी नहीं है.

घर की स्थिति समझती हैं, चुनावी हालात समझिए, महिलाओं से बोलीं प्रियंका गांधी+ एक दिन के बिहार दौरे पर शुक्रवार को पटना पहुंची कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने पटना में महिला संवाद में हिस्सा लिया. इस दौरान उन्होंने कहा कि महिलाएं घर की स्थिति समझती हैं, चुनावी हालात भी समझें. प्रियंका ने कहा, यदि महागठबंधन की सरकार बनती है तो महिलाओं को हर महीने 2500 रुपए मिलेंगे. प्रियंका गांधी ने पटना स्थित कांग्रेस कार्यालय ( सदाकत आश्रम ) में आयोजित’ महिला संवाद ‘ कार्यक्रम में हिस्सा लिया. उन्होंने बिहार की आशा, आंगनवाड़ी, किसान, मजदूर एवं अन्य व्यवसाययों से जुड़ी महिलाओं के साथ संवाद कर उनकी समस्याएं सुनी और उन्हें आश्वासन दिया कि इंडिया गठबंधन की सरकार उनकी समस्याओं का व्यापक समाधान पेश करेंगी.

अभी 10 हजार दिए, चुनाव बाद यही वसूली करेंगे, महिला रोजगार योजना पर तेजस्वी यादव.+ नीतीश सरकार की महिला रोजगार योजना पर निशाना साधते हुए राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि अभी यह लोग 10 हजार रुपए दे रहे हैं, चुनाव खत्म होने के बाद यही लोग महिलाओं से इसकी वसूली करेंगे. बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने नीति सरकार की मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना पर तंज कसा है. उन्होंने कहा पीएम नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा शुक्रवार को इस योजना के तहत 75 महिलाओं के खाते में 10 –10 हजार रुपए ट्रांसफर किए गए. इस पर चुटकी लेते हुए तेजस्वी यादव ने कहा, बिहार चुनाव के बाद यही लोग महिलाओं से 10 हजार रुपए की वसूली करेंगे.