चाहे मैं जेल चली जाऊं, पर आप लोगों की नौकरी नहीं जाएगी, शिक्षकों से बोली सीएम ममता बनर्जी
हैदराबाद से समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की विशेष रिपोर्ट
सुप्रीम कोर्ट का फैसला
गुरुवार को भारत के मुख्य न्यायाधीश संजीव खन्ना और जस्टिस संजय कुमार की पीठ ने नियुक्तियों को रद्द करने के कोलकाता हाई कोर्ट के 22 अप्रैल, 2024 के फैसले को बरकरा रखा है.
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा,’ मेरा दिल बहुत ज्यादा दुखी हुआ है. इसके बारे में बोलने पर मुझे जेल हो सकती है. अगर कोई मुझे चुनौती देगा, तो मुझे पता है कि जवाब कैसे देना है. यह मेरा वादा है
कोलकाता/ हैदराबाद, 7 अप्रैल, 2025. पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शिक्षकों को लेकर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर दुख जाहिर किया है. उन्होंने साफ कर दिया है कि किसी भी पात्र उम्मीदवार की नौकरी नहीं जाएगी. गुरुवार को अदालत ने सरकारी स्कूलों में 25 हजार 753 शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों की नियुक्तियों को अवैध करार दिया था. साथ ही चयन प्रक्रिया पर भी सवालिया निशान लगाए थे . मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा,’ स्कूली नौकरियों को लेकर उच्चतम न्यायालय के फैसले से बंधी हुई हूं, लेकिन हालात से पूरी तरह सावधानी और निष्पक्षता से निपट जाए, इसके लिए तत्परता से कदम उठा रही हूं ‘ वह नौकरी गंवाने वाले एसएससी उम्मीदवारों से कोलकाता के नेताजी इंडोर स्टेडियम मुलाकात करने जाते समय पत्रकारों से बात कर रही थी. मुख्यमंत्री बनर्जी ने कहा,’ मैं पश्चिम बंगाल में स्कूली की नौकरी गंवाने वालों के साथ खड़ी हूं, उनका सम्मान वापस दिलाने के लिए हर संभव प्रयास करूंगी. ‘ उन्होंने कहा, मैं पात्र उम्मीदवारों को स्कूल की नौकरी नहीं गंवाने दूंगी.’
आरोपी पर क्या बोली
तृणमूल कांग्रेस से कहा,’ मेरा नाम ऐसी बात में घसीटा जा रहा है इसके बारे में मुझे कोई आभास तक नहीं है.’ उन्होंने कहा,’ हमारे पास कुछ अलग योजनाएं हैं ताकि योग्य उम्मीदवार बेरोजगार ना हो या उनकी सेवा में कोई रुकावट ना आए.’ साथ ही उन्होंने जेल जाने की बात कही है. उन्होंने कहा,’ स्कूली नौकरी गंवाने वालों के साथ खड़े होने के लिए यदि कोई मुझे सजा देना चाहता है तो मैं जेल जाने को भी तैयार हूं.