पुरी रथ यात्रा भगदड़ : दो अधिकारी निलंबित, डीएम — एसपी का तबादला, 25 लाख की मदद की घोषणा

हैदराबाद से समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की विशेष रिपोर्ट
पुरी / हैदराबाद, 29 जून, 2025. ओड़िशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने रविवार को पुरी में एक मंदिर के पास भगदड़ के लिए भगवान जगन्नाथ के भक्तों से क्षमा मांगी है . इस घटना में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई और 50 से अधिक लोग घायल है. खबर है कि 7 घायलों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है.
ओड़िशा के पुरी में गुंडिचा मंदिर के पास हुई भगदड़ की घटना पर मांझी सरकार ने बड़ा एक्शन लेते हुए दो अधिकारियों को निलंबित कर दिया है. डीसीपी विष्णु पति और कमांडेंट अजय पाजी को ड्यूटी में लापरवाही के लिए निलंबित किया गया है. वहीं, पुरी के जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक का भी तत्काल आदेश से तबादला कर दिया गया है. जबकि चंचल राणा को नया जिला कलेक्टर और पिनाक मिश्रा को नए एसपी की जिम्मेदारी दी गई है. हादसे में जिन तीन लोगों की मौत हुई है, उनमें दो महिलाएं, प्रभाती दास और बसंती साहू शामिल है. इसके अलावा, 70 वर्षीय प्रेमकांत मोहंती की भी भगदड़ में जान गई है. सभी मृतक परिजनों को 25-25 लाख रुपए की मदद की घोषणा की गई है. तीनों खुर्दा जिले के रहने वाले थे और रथ यात्रा के लिए पूरी आए थे.

पुरी के मंदिर में भगदड़ मचने का कारण बनी लापरवाही और कुप्रबंधन अक्षम्य : खड़गे
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और सांसद राहुल गांधी ने रविवार को कहा कि वे ओड़िशा के पुरी में एक मंदिर के पास भगदड़ से बहुत दुखी हैं. उन्होंने जोर देकर कहा कि ” लापरवाही और कुप्रबंधन ” के कारण यह घटना हुई, जो माफी लायक नहीं है.

मुख्यमंत्री ने मांगी माफी
ओड़िशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण मांझी ने रविवार को पूरी में एक मंदिर के पास भगदड़ के लिए भगवान जगन्नाथ के भक्तों से माफी मांगी है.