पुलिस ने नकली घी बनाने वाले गिरोह का किया पर्दाफाश

समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की यह रिपोर्ट

तेलंगाना कमिश्नरेट पुलिस टास्क फोर्स, गोलकोंडा की टीम और मसाब टैंक पुलिस ने हैदराबाद में मिलावटी घी और डेयरी उत्पादों के अवैध निर्माण के आरोप में मोहम्मद जुनेद हुसैन को गिरफ्तार किया है. अधिकारियों ने बताया कि उनके पास से 18.26 लाख रुपए मूल्य की वस्तुएं जब्त की गई है.

हैदराबाद, 10 मार्च 2026. हैदराबाद शहर के कमिश्नरेट पुलिस टास्क फोर्स के अतिरिक्त पुलिस उपयुक्त आंदें श्रीनिवास राव ने बताया कि हैदराबाद के भोला नगर, बंजारा हिल्स रोड नंबर 12 स्थित डेयरी यूनिट ” प्राइड डेयरी ” पर दबिश दी गई . आरोपी की पहचान हैदराबाद के बंजारा हिल्स स्थित भोला नगर निवासी 26 वर्षीय कारोबारी मोहम्मद जुनेद हुसैन के रूप में हुई है. पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में मिलावटी दुग्ध उत्पाद और विनिर्माण उपकरण जब्त किए, दिन में 460 किलोग्राम मिलावटी घी, 70 किलोग्राम मिलावटी मिश्रित घी, 2,090 किलोग्राम मिलावटी गाय का दूध और 1170 किलोग्राम मिलावटी भैंस का दूध शामिल है. प्राप्त जानकारी के मुताबिक, मिलावट को सुविधाजनक बनाने के लिए, आरोपी को रुचि गोल्ड वनस्पति ( डालडा) के 28 टिन, साथ ही कई इस्तेमाल किए गए तेल के पॉकेट और खाली टीम का उपयोग करते हुए पाया गया है. प्रवर्तन टीम ने दो बॉयलर, एक पुशिंग मशीन, एक पैकिंग मशीन, दो माप तौल मशीनें ( छोटी और बड़ी), चार गैस सिलेंडर एवं विभिन्न साइज के 70 बर्तन( जिनमें से कुछ में घी था), 25 खाली ड्रम और पैकिंग कवर सहित आवश्यक मशीनरी भी जब्त की गई है. इन वस्तुओं का मूल्य करीब 18 लाख 26 हजार 679 रुपए हैं. पुलिस ने बताया कि वैध लाइसेंस होने के बावजूद, आरोपी गाय और भैंस के दूध में ताड़ का तेल, वनस्पति घी और अन्य निम्न गुणवत्ता वाले वस्तुएं मिलकर अवैध तौर पर मिलावटी घी का उत्पादन कर रहा था. कारोबारी जुनैद ने इन उत्पादों को शुद्ध घी बताकर आम जनता, होटलों और आयोजन कर्ताओं को सप्लाई करता था, जिससे जन स्वास्थ्य को संभावित खतरा था. इस बीच मसाब टैंक पुलिस में आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 318 (4) और 274, 275 के तहत मामला दर्ज किया गया है. यह दबिश अतिरिक्त डीसीपी आंदे श्रीनिवास राव की देखरेख में हुई, जिसमें गोलकोंडा क्षेत्र के कमिश्नरेट पुलिस टास्क फोर्स इंस्पेक्टर आर. वेंकटेश, मसाब टैंक पुलिस इंस्पेक्टर ए. प्रवीण कुमार, सब इंस्पेक्टर जी विजयानंद, जी. चंदना और उनकी टीमों ने सक्रिय भूमिका निभाई और इस अवैध कारोबार का भंडाफोड़ किया.