पश्चिम बंगाल चुनाव में बीजेपी उम्मीदवार ‘ मछली ‘ पकडकर घर-घर मांग रहे वोट
समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की यह विशेष रिपोर्ट
पश्चिम बंगाल में चैत्र नवरात्रि के मौके पर भाजपा नेताओं के मछली के साथ चुनाव प्रचार करते हुए एक वीडियो वायरल ने विवाद खड़ा कर दिया है. सोशल मीडिया यूजर्स नाम इस कृत्य की आलोचना करते हुए इसे धार्मिक भावनाओं के प्रति असंवेदनशील बताया है. यह विवाद अप्रैल में पश्चिम बंगाल में होने वाले विधानसभा
चुनावों की तैयारियों के बीच सामने आया है, जिसमें राजनीतिक दल राज्य भर में अपने प्रचार अभियान तेज कर दिए हैं.+ कोलकाता, 23 मार्च 2026. पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार तेज होने के साथ ही, भाजपा नेताओं का एक वायरल वीडियो राजनीतिक विवाद का कारण बन गया है. इसे सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से साझा किए गए वीडियो में पार्टी प्रत्याशी और कार्यकर्ता बीजेपी के स्कार्फ पहने हुए ” जय श्री राम ” और ” भारत माता की जय” जैसे नारे लगाते हुए चुनाव प्रचार करते नजर आ रहे हैं . वीडियो में एक नेता को चुनाव प्रचार के दौरान मछली पकड़े हुए देखा गया है, जिसकी सोशल मीडिया पर कई लोगों ने जमकर आलोचना की है. कई लोगों ने चैत्र नवरात्रि के त्यौहार का हवाला देते हुए इस कृत्य पर आपत्ति जताई है, जिसे हिंदू धर्म में पवित्र माना जाता है. आलोचकों का तर्क है कि नवरात्रि के दौरान मछली पकड़ कर चुनाव प्रचार करना धार्मिक भावनाओं का अनादर है, खासकर धार्मिक नारे लगाते समय. दरअसल, यह विवाद राज्य में चल रही तीव्र राजनीतिक गतिविधियों के बीच सामने आया है, जहां राजनीतिक दल चुनाव से पहले जमकर प्रचार कर रही है. राज्य विधानसभा चुनाव के लिए मतदान यहां दो चरणों में होगा, 23 अप्रैल को 152 सीटों के लिए और 29 अप्रैल को शेष 142 सीटों के लिए. बीजेपी ने चुनाव प्रचार तेज करते हुए कई सूचियों में अधिकांश सीटों के लिए उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है. वहीं, वायरल वीडियो ने पश्चिम बंगाल में राजनीतिक चर्चा को एक नया आयाम दे दिया है , और धर्म, प्रतीकों और राजनीतिक संदेशों से संबंधित बहसें ऑनलाइन जो पड़ रही है. अब देखना है कि ऊंट किस करवट बैठता है. हालांकि, ममता बनर्जी का पलड़ा अभी भी भारी है. ऐसा बिंदी वाली टीएमसी सांसद सयाना घोष बताती हैं.