हैदराबाद के प्रिंस याकूब टुसी ने खुद को बताया’ ताजमहल ‘ का असली मालिक, औरंगजेब से क्या है कनेक्शन
हैदराबाद से समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की विशेष रिपोर्ट

हैदराबाद के प्रिंस याकूब हबीबुद्दीन टुसी ने दावा किया है कि वे ताजमहल के असली मालिक हैं, जानें क्या है मामला ?
हैदराबाद, 8 अप्रैल, 2025. आगरा के ताजमहल की जितनी चर्चा की जाए कम है. दुनिया के सात अजूबों में से एक ताजमहल अक्सर चर्चाओं के केंद्र में रहता है. एक पक्ष ऐसा भी है जिसका दावा यह है कि ताजमहल असल में यमुना किनारे एक प्राचीन शिव मंदिर था और उसका नाम तेजोमहालय है. अब इसी सब के बीच ताजमहल को लेकर एक नया दावा सामने आया है. बता दें कि , भारत में मुगल शासन को लेकर चल रही जोरदार बहस के बीच हैदराबाद के शख्स ने सबको चौंका दिया है. दरअसल, शख्स का दावा है कि वे ताजमहल का असली मालिक है. मालूम हो कि ताजमहल को 17 वीं सदी के मुगल बादशाह शाहजहां ने अपनी प्यारी बेगम मुमताज महल की याद में बनवाया था. हैदराबाद के इस शख्स के दावे ने हर किसी को हैरान कर दिया है. कौन है यह शख्स जिसे खुद को ताजमहल का मालिक बताया है.
किसने बताया खुद को ताजमहल का मालिक ?
हैदराबाद के प्रिंस याकूब हबीबुद्दीन टुसी ने खुद को ताजमहल का मलिक बताया है. प्रिंस टुसी कथित तौर पर अंतिम मुगल सम्राट बहादुर शाह जफर की छठी पीढ़ी के वारिस है. प्रिंस टुसी का कहना है कि उनका सीधे बहादुर शाह जफर से जुड़ाव है और वह शाहजहां के वंशज होने के नाते ताजमहल की असली मालिक है . प्रिंस टुसी मुगल शासक औरंगजेब की कब्र के रुतबे ( मुथावल्ली ) भी हैं . उन्होंने अपने इस दावे को मजबूत करने के लिए अदालत में अपनी डीएनए सैंपल रिपोर्ट भी प्रस्तुत की है. उल्लेखनीय है कि, प्रिंस टुसी ने राजस्थान की उपमुख्यमंत्री और भाजपा नेता दीया कुमारी को भी चुनौती दी थी, जिन्होंने 2019 में ताजमहल से जुड़े दस्तावेजों का हवाला किया था. प्रिंस टुसी ने चुनौती देते हुए कहा था कि अगर दीया कुमारी सच्ची राजपूत हैं तो वे ताजमहल को लेकर उनके पास मौजूद दस्तावेज को दिखाएं.