हैदराबाद से समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की विशेष रिपोर्ट
समाजवादी पार्टी के नेता तथा उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने भाजपा पर चुनावी धांधली और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए लंबी फेहरिस्त पेश की है. अखिलेश ने भाजपा पर अनैतिकता का आरोप भी लगाया. कहा कि इस पार्टी में आंतरिक गुटबाजी और सत्ता के दुरुपयोग जैसी चीज भी आम है
लखनऊ/ हैदराबाद, 21 अप्रैल, 2025. अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म’ एक्स ‘ पर पोस्ट में लिखा, ” जिसको उसी के तथाकथित अपने दल ने यह कहकर खारिज कर दिया हो कि उसका विचार व्यक्तिगत है और इस लायक नहीं कि इसकी पुष्टि या समर्थन किया जाए, वह एक सेवा निवृत संवैधानिक पद को सफलतापूर्वक सुशोभित कर चुके उच्चाधिकारी के बारे में मुंह ना खोलें, उसी में उसकी इज्जत है.
अखिलेश ने पोस्ट में एक लंबी लिस्ट शेयर करते हुए कहा– कुछ भी कहने — लिखने से पहले भाजपाई अपनी निम्नलिखित चंद चुनावी वारदातों पर निगाह डाल लें
2022 के यूपी विधानसभा में वोटर लिस्ट के द्वारा धांधली और लगभग 90 सीटों के परिणाम पर घपला. चंडीगढ़ मेयर चुनाव में सुप्रीम कोर्ट के सीसीटीवी के सामने वोट की धांधली की वीडियो रिकॉर्डिंग और बाद में सुप्रीम कोर्ट की डांट. 2024 के लोकसभा चुनावों में कुछ भ्रष्ट अधिकारियों की मदद से झूठी गिनती के आधार पर कई सीटों पर सर्टिफिकेट में हेरा फेरी के ‘ फर्रुखाबाद कांड ‘ जैसे अनेक गैरकानूनी इलेक्शन रिजल्ट हेरा फेरी कांड.—– उत्तर प्रदेश के मीरापुर उपचुनाव में कुछ भ्रष्ट पुलिसकर्मियों की मदद से वोटरों को पिस्तौल से धमकाकर वोट न डालने देने की घटना और उसकी विश्व विख्यात तस्वीर . लोकसभा चुनाव में मध्य प्रदेश में भाजपा प्रत्याशी के विरुद्ध खड़े हुए प्रत्याशियों को उठाकर ले जाने और चुनावी पर्चे वापस करवाने की घटना और तथाकथित निर्विरोध चुनाव जीतने का लोकतांत्रिक पाप. महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में एक बड़े भाजपा नेता के नोट बांटते पकड़े जाने की घटना.
हरियाणा व महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में अचानक वोटरों की संख्या या आखिरी घंटे में कई प्रतिशत वोट बढ़ जाने की घटना. उत्तर प्रदेश के मिल्कीपुर उपचुनाव में किसी’ मुख्य कार्यालय ‘ से चुनावी तंत्र को झूठे वोट डलवाने का टारगेट देने का अपराध और झूठे वोटरों का इस्तेमाल, एक मतदाता द्वारा भाजपा के पक्ष में 6 वोट डालने का टीवी पर खुद स्वीकार किया जाना.महाराष्ट्र चुनाव में यह पुलिस अधिकारी को 10 लख रुपए देकर ईवीएम की धांधली को नजर अंदाज करने का दबाव बनाना और न जाने ऐसी कितनी और चुनावी धांधलियां हैं, जो भाजपा के चुनावी दमन के कभी भी न धुलने वाले दाग हैं .
भाजपा वाले खुद के भी सगे नहीं:- अखिलेश यादव
अखिलेश ने लिखा, ” भाजपाइयों की नैतिक स्मृति ना तो कभी थी और न ही होगी फिर भी याद दिलाना तो बनता ही है. ‘ साइड लाइन ‘ किए जा रहे हैं लोग अपने विवादित बयानों से ‘ मेन लाइन ‘ में आने की कोशिश ना करें. भाजपा वाले किसी से क्या, खुद के भी सगे नहीं है . अब यह सोशल मीडिया पर एक दूसरे पर छींटाकशी कर रहे हैं.
भाजपा की अंदरूनी गुटबाजी चरम पर है. भाजपा की ‘ भ्रष्टाचार- मंडली’ की सिरफुटव्वल आपस में ही एक दूसरे के राज खोल रही है. भाजपा का मुखौटा उतर गया है और उनका अहंकार जनता उतार देगी . इतिहास गवाह रहा है कि नकारात्मक सत्ताओं के विकास में ही उनका पतन निहित होता है.
भाजपा सरकार में दलितों के खिलाफ लगातार हमले
एक पोस्ट में अखिलेश यादव ने लिखा कि भाजपा शासित राज्यों में दलितों, खासकर दलित महिलाओं पर बढ़ते अत्याचारों को लेकर आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि भाजपा की नितियां और संगठनात्मक ढांचा गरीब, वंचित,
दलित, पिछड़े, अल्पसंख्यक और महिलाओं के लिए अपमान है.