” हमें दोयम दर्जे का नागरिक बनाने की कोशिश’, परिसीमनविवाद पर बोले – सीएम रेड्डी

चेन्नई में परिसीमन पर संयुक्त कार्रवाई समिति की बैठक में तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने कहा कि दक्षिण भारत जनसंख्या के आधार पर होने वाले इस परिसीमन को स्वीकार नहीं कर सकता

हैदराबाद से समाचार संपादक देहाती विश्वनाथ की विशेष रिपोर्ट

चेन्नई/ हैदराबाद, 23 मार्च, 2025. तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और डीएमके अध्यक्ष एमके स्टालिन की अध्यक्षता में परिसीमन पर संयुक्त कार्रवाई समिति( जेएसी ) की पहली बैठक शनिवार 22 मार्च को चेन्नई में हुई. इस मुद्दे पर अब आर – पार की लड़ाई शुरू हो गई है. इस बैठक में पहुंचे तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने परिसीमन से अपने राज्यों को होने वाले साइड इफेक्ट गिनाए. उन्होंने कहा कि बीजेपी परिसीमन के माध्यम से दक्षिण राज्यों पर पेनल्टी लगाना चाहती है. उन्होंने कहा कि इसे लागू करने से दक्षिण भारत अपनी राजनीतिक आवाज खो देगा. तेलंगाना के सीएम रेड्डी ने कहा, ” हम एक देश हैं. हम इसका सम्मान करते हैं, लेकिन दक्षिण भारत जनसंख्या के आधार पर होने वाले इस परिसीमन को स्वीकार नहीं कर सकता. इससे हमें राजनीतिक रूप से सीमित कर दिया जाएगा. हमें बीजेपी को परिसीमन को लागू करने से रुकना होगा. ” उन्होंने कहा कि यह हमें अच्छा काम ( जनसंख्या नियंत्रण और आर्थिक तरक्की ) करने की सजा देने जैसा होगा. “

नॉर्थ में दोयम दर्जे का नागरिक बना देगा

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, चेन्नई में परिसीमन पर संयुक्त कार्रवाई समिति की बैठक में रेवंत रेड्डी ने कहा कि जनसंख्या आधारित परिसीमन के मामले में नॉर्थ हमें गोयत दर्जे का नागरिक बना देगा. उन्होंने केंद्र से परिसीमन के दौरान लोकसभा सीटों की संख्या नहीं बढ़ने की अपील की . रेवंत रेड्डी ने कहा, ” हमारे सामने देश की एक बड़ी चुनौती है. बीजेपी जनसांख्यिकी दंड की नीति लागू कर रही है . 1971 से, जब भारत ने राष्ट्रीय प्राथमिकता के रूप में परिवार नियोजन को अपने का फैसला किया, तब से दक्षिण भारत ने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया है, लेकिन उत्तर भारत के बड़े राज्य इसमें विफल रहे हैं. “

रेवंत ने दक्षिण भारत के प्रदर्शन का जिक्र किया
तेलंगाना के मुख्यमंत्री ने कहा, ” हमने( दक्षिण भारत) सबसे तेज आर्थिक विकास, ज्यादा जीडीपी, ज्यादा प्रति व्यक्ति आय, बेहतर विकास, सर्वोत्तम सामाजिक कल्याण और अधिक रोजगार सृजन किया है. वहीं, चेन्नई में परिसीमन के खिलाफ बैठक की अध्यक्षता करते हुए तमिलनाडु के मुख्यमंत्री तथा डीएमके नेता एमके स्टालिन ने आयोजित बैठक को ऐतिहासिक बताया और कहा कि अगली बैठक हैदराबाद में आयोजित होगी. तमिलनाडु के चेन्नई में परिसीमन को लेकर महत्वपूर्ण बैठक को विपक्ष ने बड़ा समर्थन दिया है. मुख्यमंत्री एमके स्टालिन की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में केरल के मुख्यमंत्री, ओड़िशा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भक्त चरण दास, तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी समेत विभिन्न राज्यों के नेता शामिल हुए और चर्चाएं की.

इस मौके पर रेवंत रेड्डी ने कहा,
तमिलनाडु को 1 टैक्स पर 6 पैसे मिलते हैं. इसी तरह कर्नाटक को 1 के टैक्स पर 16 पैसे, तेलंगाना को 1 के टैक्स पर 42 पैसे, केरल को 1 के टैक्स पर 49 पैसे वापस मिलते हैं. जबकि बिहार को 1 टैक्स चुकाने पर 6.6 रुपए, उत्तर प्रदेश को 2.2 रुपए, मध्य प्रदेश को 1.73 रुपए वापस मिलते हैं. “